मुस्लिम लीग | 1906 ई.-1947 ई.

मुस्लिम लीग

मुस्लिम लीग का मूल नाम ‘अखिल भारतीय मुस्लिम लीग’ था। यह एक राजनीतिक समूह था, जिसने ब्रिटिश भारत के विभाजन (1947 ई.) से निर्मित एक अलग मुस्लिम राष्ट्र के लिए आन्दोलन चलाया। मुस्लिम नेताओं, विशेषकर मुहम्मद अली जिन्ना ने इस बात का भय जताया कि स्वतंत्र होने पर भारत में सिर्फ़ हिन्दुओं का ही वर्चस्व रहेगा। इसीलिए उन्होंने मुस्लिमों के लिए अलग से एक राष्ट्र की मांग … Read more

भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस | 1885-1947

भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस | 1885-1947

भारतीय राष्ट्रीय काँग्रेस भारत का सबसे प्राचीन राजनीतिक दल है। इस दल की वर्तमान अध्यक्ष सोनिया गांधी है। कांग्रेस दल का युवा संगठन ‘भारतीय युवा कांग्रेस’ है। ‘भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस’ की स्थापना 28 दिसम्बर, 1885 ई. में दोपहर बारह बजे बम्बई में ‘गोकुलदास तेजपाल संस्कृत कॉलेज’ के भवन में की गई थी। इसके संस्थापक ‘ए.ओ. ह्यूम’ थे और प्रथम अध्यक्ष व्योमेश चन्‍द्र बनर्जी बनाये गए थे। भारतीय राष्ट्रीय … Read more

टीपू सुल्तान |1750 ई.-1799 ई.

टीपू सुल्तान

टीपू सुल्तान को “मैसूर का शेर” – Tiger of Mysore कहा गया है। टीपू सुल्तान एक कुशल, वीर और बहादुर वीर थे। जिनमें वीरता और साहस कूट-कूट कर भरा था। उनकी वीरता के आगे अंग्रेजों को भी घुटने टेकने पडे। इसके अतिरिक्त वे एक बेहद प्रशंसनीय रणनीतिकार भी थे, अपनी रणनीति से ही टीपू सुल्तान … Read more

सैयद वंश | 1414 ई.-1451 ई.

सैयद वंश | 1414 ई.-1451 ई.

सैयद वंश का आरम्भ तुग़लक़ वंश के अंतिम शासक महमूद तुग़लक की मृत्यु के पश्चात् शुरू हुआ था, जब ख़िज़्र ख़ाँ ने 1414 ई. में दिल्ली की बागडोर अपने हाथ में ले ली। खिज्र खां को सैयद वंश के संस्थापक के रूप में जाना जाता है। इस वंश के प्रमुख शासक – ख़िज़्र खाँ (1414-1421), मुबारक़ शाह (1421-1434), मुहम्मद शाह (1434-1445), और … Read more

गयासुद्दीन तुगलक | 1320 ई.-1325 ई.)

गयासुद्दीन तुगलक

गयासुद्दीन तुगलक (1320-1325 ई.) 8 सितम्बर, 1320 को दिल्ली के सिंहासन पर बैठा। इसे तुग़लक़ वंश का संस्थापक भी माना जाता है। गयासुद्दीन तुगलक का पूर्व नाम ग़ाज़ी मलिक या तुग़लक़ ग़ाज़ी था। इसने कुल 29 बार मंगोल आक्रमण को विफल किया। सुल्तान बनने से पहले वह खिलजी वंश के अंतिम शासक कुतबुद्दीन मुबारक शाह खिलजी के शासन काल में उत्तर-पश्चिमी सीमान्त प्रान्त का शक्तिशाली … Read more

भारतीय परमाणु परीक्षण |1974,1998

भारतीय परमाणु परीक्षण |1974,1998

भारतीय परमाणु परीक्षण आयोग ने पोखरण में अपना पहला भूमिगत परिक्षण स्माइलिंग बुद्धा (पोखरण-2) 18 मई 1974 को किया था। हालांकि उस समय भारत सरकार ने घोषणा की थी कि भारत का परमाणु कार्यक्रम शांतिपूर्ण कार्यो के लिये होगा और यह परीक्षण भारत को उर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिये किया गया है। बाद में … Read more

तुगलक वंश | 1320 ई.-1413 ई.

तुगलक वंश | 1320 ई.-1413 ई.

तुगलक वंश (1320-1413ई.) मध्ययुगीन भारत की अवधि के दौरान उभरा और तुर्क-भारतीय मूल का था। इस राजवंश ने प्रमुख रूप से दिल्ली सल्तनत पर शासन किया। तुगलक राजवंश 1320 में उभरा और 1413 में समाप्त हुआ और गाजी मलिक, मुहम्मद-बिन-तुगलक आदि जैसे कई शासकों द्वारा शासित था। भारत ने तुगलक वंश के शासनकाल के दौरान … Read more

भारत के स्वतंत्रता सेनानी | वीरता और समर्पण

भारत के स्वतंत्रता सेनानी

भारत की आजादी के लिए कितने ही क्रांतिवीरों द्वारा समय समय पर कई आंदोलन किये गए। इन्ही स्वतंत्रता सेनानी की बदौलत 15 अगस्त 1947 को हमारा देश भारत आज़ाद हुआ।

बहलोल लोदी |1451 ई.-1489 ई.

बहलोल लोदी |1451 ई.-1489 ई.

बहलोल लोदी (1451 ई.-1489 ई.) भारत के पंजाब में सरहिंद के गवर्नर मलिक सुल्तान शाह लोदी के भतीजे और दामाद था, और सैय्यद वंश के शासक मुहम्मद शाह के शासनकाल के दौरान वह गवर्नर के रूप में कार्य करता था। मुहम्मद शाह ने बहलोल लोदी को तारुन-बिन-सुल्तान के पद तक पहुँचाया। अपने मजबूत व्यक्तित्व के … Read more

लोदी वंश |1451-1526 ई.

लोदी वंश

लोदी वंश की स्थापना दिल्ली की गद्दी पर अधिकार करने वाले बहलोल लोदी ने 1451 ई. में की थी। यह वंश 1526 ई. तक सत्ता में रहा और सफलतापूर्वक शासन करता रहा। बहलोल लोदी सरहिन्द का इक्तादार था और जिसने शीघ्र ही सारे पंजाब पर अपना अधिकार जमा लिया था। बहलोल लोदी की फ़ौज ने कुछ ही समय में समस्त दिल्ली पर भी अपना … Read more

सर्वनाम (Pronoun) किसे कहते है? परिभाषा, भेद एवं उदाहरण भगवान शिव के 12 ज्योतिर्लिंग | नाम, स्थान एवं स्तुति मंत्र प्रथम विश्व युद्ध: विनाशकारी महासंग्राम | 1914 – 1918 ई.